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Showing posts from February, 2011

भ्रष्टाचार ,मंहगाई और व्यवस्था के खिलाफ विद्रोह का आगाज

हमारे देश की सबसे बड़ी समस्या भ्रष्टाचार और मंहगाई है परन्तु इसके समाधान हेतु व्यवस्था परिवर्तन के जंग का आगाज़ करना होगा . दुःख की बात यह है कि इस क्रांति के लिए जनचेतना का अभाव है. सोनिया गाँधी ने भ्रष्टाचार पर लगाम लगाने के लिए बड़े- बड़े वायदे किए, परन्तु वे वायदे इतने खोखले हैं कि न केवल केन्द्रीय नेता भ्रष्ट हैं बल्कि कांग्रेस शासित राज्यों के मुख्यमंत्री भी जमकर पैसा बनाने में लगे हैं. पिछले कुछ दिनों में केंद्र व राज्य सरकारों द्वारा किए गए करोड़ों रूपए घोटाले का भंडाफोड़ हुआ है. देश कि जनता मंहगाई और गरीबी से कराह रही है , लेकिन नेता करोड़ों हड़पकर मजे लूट रहे हैं .पूर्वोत्तर में 58 हजार करोड़ का घोटाला ,76 हजार करोड़ का टू जी स्पेक्ट्रम घोटाला, 70 हजार करोड़ का कॉमनवेल्थ गेम घोटाला ,आदर्श सोसाईटी घोटाला , जल विद्युत घोटाला , अनाज घोटाला ,भ्रष्ट सीवीसी अधिकारी नियुक्ति और विदेशों में जमा अरबों रूपए का कालाधन आदि के खिलाफ आम आदमी काफी चिंतित है, जो अब आन्दोलन करना चाहता है. राजधानी सहित देश के करीब 62 शहरों में छात्रों -युवाओं -महिलाओं ने लाखों कि संख्या में प्…

सत्यवती कॉलेज (प्रातः )में आरटीआई आवेदन लेने से इंकार एवं कॉलेज स्टाफ द्वारा दुर्व्यवहार

मैं गोपाल प्रसाद आरटीआई के माध्यम से "भ्रष्टाचार विरोधी अभियान " चला रहा हूँ .विगत चार महीनों से मैं सत्यवती कॉलेज में जिन्दा पेड़ों की अवैध कटाई, कॉलेज के निर्माण कार्य व खर्च में विभिन्न अनियमितताओं के विरुद्ध कई आरटीआई के माध्यम से काफी जानकारी हासिल कर चुका था . अभी हाल ही में कॉलेज के जनसूचना अधिकारी ने मुझे आरटीआई प्रश्नों के उत्तर हेतु 218 रु. जमा कर सम्बंधित कागजात प्राप्त करने हेतु पत्र लिखा था .उसी सन्दर्भ में दिनांक 3 फ़रवरी 2011 को दोपहर 3 .30 बजे मैं अपने मित्र श्री अनिल मित्तल एवं सामाजिक कार्यकर्ता श्रीमती नंदा सावंतजी के साथ कॉलेज आया था .कॉलेज के एक अधिकारी ने मुझे रकम जमा करने हेतु कॉलेज का अकाउंट नंबर लिखाया .कॉलेज प्रांगन में स्थित पीएनबी में मैं रकम जमा कर रसीद हासिल की और कागजात प्राप्त करने , एक नया आरटीआई आवेदन एवं एक शिकायती पत्र प्राप्ति करने का अनुरोध जब कॉलेज के लेखाधिकारी श्री इकरार खान से किया तो उन्होंने लेने से इंकार कर दिया . उस वक्त प्राचार्य (प्रातः),प्रशासनिक अधिकारी (प्रातः)का कार्यालय बंद था और आवेदन प्राप्त…