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Showing posts from August, 2011

Gurinder Kaur Gill : Woman Fighter against Corrupt System

It is true that "Woman is a symbol of power". When a woman begins one step of revolt then it must be completed.I am talking about Ms. Guninder kaur Gill .Anyone who know about this lady must appreciate her talent , courage and
co-oprative nature. When I feel the sorrow, problem and frustation of this lady
created by present corrupt system and I have understood her case right
from starting I was forced to believe that a woman ,If desires can change a lot in the system.She can change the direction of wind.
I am a ordinary man but my thinking is broad. Being an RTI Activist
I wish to fight for rights and against corruption especially butIt is
not easy because in present scenerio corruption has been mixed up in
the nature and behavier of masses until everybody does promise not
to take or give bribe or not to be a part of corrupt system , it
will be cured.
Presently the maximum part of politics, bureaucracy, judiciary,
media, ,corporate and social sector are also cor…

नदियों को प्रदूषण मुक्त करने का प्रभावी प्रकल्प : पुष्पांजलि प्रवाह

धार्मिक आधार -- धराएत इति धर्मः अर्थात जो धारण किया जाए ,वही धर्म है. यह श्लोक हमारे शाश्वत सनातन धर्म के व्यापक दृष्टिकोण को प्रमाणित करता है.सनातन धर्म किसी रूढ़िवादिता या कट्टरपंथी का नाम नहीं , बल्कि यह धर्म मानव सभ्यता के उत्थान और प्राकृतिक सम्पदा का संरक्षण का एक माध्यम है, हमारे सामान्य रीति- रिवाज सबके पीछे एक तर्क है- विज्ञानं का , विचारों की प्रखरता एवं विद्वानों के निरंतर चिंतन से मान्यताओं व आस्थाओं में भी परिवर्तन हुआ . पुष्पांजलि प्रवाह की व्यवस्था आदि पूजा अर्चना के दौरान अनादि काल से चली आ रही है .समाज के सभी लोग भगवान से किसी न किसी कारण जुड़ा रहता है . हम उनको भेंट स्वरुप माला , फूल, नारियल ,फल और अन्य सामग्री भेंट करते हैं . इन सामग्रियों में पंडित महाराज को जो जरूरत होती है , वह ले लेते हैं . जो गो माता को भेंट कर सकते हैं वह हम उन्हें खिला देते हैं , एवं बची हुई सामग्री को नदी में प्रवाह कर देते हैं .जिससे किसी को पैर न लगे एवं इन पूजा सामग्री को सम्मान मिले . इसके लिए सबसे अच्छी व्यवस्था थी की नदी में प्रवाह कर दो. भारत के नदियों से भी सनातन धर्म मन का रिश्ता रख…